आप देशद्रोही जिन्ना को तो जानते ही होंगे, भारत में ही पैदा हुआ पर देश को तोड़ने के लिए उसने हिन्दुओ के खिलाफ जिहाद चलवाया, दंगे करवाए और देश के 3 टुकड़े करने में जिन्ना भी एक अहम् किरदार रहा, जिन्ना 1947 के बाद इस्लामिक पाकिस्तान चला गया जबकि वो मुंबई का रहने वाला था, उसे अपनी मातृभूमि नहीं बल्कि इस्लाम प्यारा था, कट्टरपंथियों के लिए इस्लाम देश से ऊपर होता है, ये नई बात नहीं है
अभी कुछ ही दिनों पहले जिन्ना की बेटी का देहांत हुआ है, जिन्ना की एक ही औलाद थी, उसकी बेटी जिसका नाम था डीना जिन्ना, डीना में पढ़ी लिखी थी, वो बचपन से ही जिन्नाह और उसके जिहादी साथियों से दूर थी, इसलिए उसकी बुद्धि जिहादी नहीं हुई
डीना की शादी जिन्ना मुस्लिम लड़के से करना चाहता था, पर डीना ने इस से साफ़ इंकार कर दिया और उसने अपने अब्बू जिन्ना को बताया की मैं तो नेविल्ली वाडिया से शादी करुँगी, जिसके बाद जिन्ना काफी भड़क गया था, क्यूंकि वो मुसलमानो का नेता बनना चाहता था, ऐसे में किसी दूसरे धर्म के व्यक्ति से अपनी बेटी की शादी करता तो मुसलमानो के बीच रोष आ जाता
डीना जिद पर अड़ी रही, तो जिन्ना ने उस से कहा की भारत में करोड़ की संख्या में मुस्लिम लड़के है, उनमे से किसी को भी चुन ले और उस से निकाह कर ले, बहुत से मुस्लिम लड़के मिल जायेंगे, पर मैं किसी भी गैर मुस्लिम से तेरी शादी नहीं करूँगा, डीना ने इस बात के जवाब में जिन्ना से कहा की आपने भी तो गैर मुस्लिम से निकाह किया था
तो इसके बाद जिन्ना ने अपनी बेटी डीना को जिहादी जवाब देते हुए कहा की, मैंने तो उसका धर्मांतरण इस्लाम में करके इस्लाम का काम किया, तू अगर निवेल्ली का धर्मांतरण इस्लाम में करती है तब मैं तेरी शादी उसके साथ सोच सकता हूँ, अब इसी बात के जवाब में डीना ने अपने अब्बू जिन्ना से कहा की भाड में जाओ आप, मैं नहीं मानती आपके इस्लाम को, इसके बाद डीना ने नेविल्ली वाडिया से शादी कर लिया

जिन्ना तो पाकिस्तान चला गया पर उसकी बेटी डीना कभी भी पाकिस्तान नहीं गयी, वो हमेशा भारतीय ही बनी रही, वो अपने अब्बू की तरह कभी भी देशद्रोही नहीं हुई, डीना चाहती तो वो पाकिस्तान जा सकती थी और वहां पर उसे सबकुछ मिल सकता था, क्यूंकि वो तो जिन्ना की बेटी थी, पर उसने देशद्रोह को अस्वीकार कर दिया, जिहाद और देशद्रोह का कभी भी साथ नहीं दिया
